शिवसेना ने BJP पर साधा निशाना, कहा-बालासाहेब ठाकरे नहीं होते तो हिंदुओं को भी पढ़नी पड़ती नमाज

New Delhi: शिवसेना ने शिवाजी स्मारक और बालासाहेब ठाकरे के स्मारक के निर्माण में हो रही देरी को लेकर महाराष्ट्र की बीजेपी सरकार पर निशाना साधा है।

शिवसेना ने शिवाजी स्मारक के निर्माण को लेकर शुक्रवार को बीजेपी के नेतृत्व वाली महाराष्ट्र सरकार पर निशाना साधते हुए पूछा कि वह सुप्रीम कोर्ट के समक्ष अपना पक्ष में रखने में असफल क्यों रही। शिवसेना ने कहा कि सरकार चुनावों में जीते के लिए खरीद फरोख्त करने जैसे अन्य मुद्दों पर कभी असफल नहीं होती।

शिवसेना ने कहा कि कुछ लोग हमसे पूछते हैं कि छत्रपति शिवाजी और बालासाहेब ठाकरे के स्मारक का क्या इस्तेमाल है। अगर शिवाजी महाराज नहीं होते तो पाकिस्तान की सीमा तुम्हारी दहलीज तक आ गई होती और बालासाहेब नहीं होते तो हिंदुओं को भी नमाज पढ़नी पड़ती। शिवसेना ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट ने फिर शिवाजी स्मारक का काम रोक दिया है यह बार बार हो रहा क्या सरकार इसको बनाने में गंभीर नहीं है।

Shivsena

महाराष्ट्र और केंद्र की सरकार में बीजेपी की सहयोगी शिवसेना ने कहा कि गुजरात में नर्मदा के किनारे बिना किसी पर्यावरणीय या तकनीकी मुद्दे के पटेल की प्रतिमा का सफलतापूर्वक निर्माण किया गया। सरकार ने सामान्य वर्ग के आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों को 10 फीसदी आरक्षण देने के लिए संविधान में संशोधन किया जबकि राम मंदिर और शिवाजी के स्मारक के निर्माण का मुद्दा अभी अनसुलझा है।

शिवसेना ने अपने मुखपत्र सामना में सवाल करते हुए कहा है कि क्या अदालत स्मारक के निर्माण के बीच आ रही है या यह कोई और है जो नहीं चाहता कि यह बने। वह अदालत को ढाल के तौर पर इस्तेमाल कर रहा है। शिवसेना ने कहा कि यह परियोजना 3600 करोड़ की है लेकिन सरकार इसके प्रति गंभीर नहीं है।